आपकी अमोल शुभकामनाओं के लिए ह्रदय से आभारी हूँ.

आपकी अमोल शुभकामनाओं के लिए ह्रदय से आभारी हूँ. ये ज्ञात-अज्ञात दुआएं ही हैं जिनकी बदौलत ये यज्ञ पूरा हुआ l
अभी भी विश्वास नहीं होता कि पूरी हो गयी पी.एच. डी. l
पिछले कई सालों से ये मेरे अस्तित्व के साथ यूँ चिपक गयी थी कि यही मेरी सीमा और यही मेरा विस्तार हो गयी थी.
कुछ रास्ते, कुछ लोगों के लिए आसान और कुछ लोगों के लिए बहुत ही कठिन हो जाते हैं; इसमें काबलियत बस एक पहलू है l
मेरे लिए यह रास्ता बहुत ही कठिन हो गया था l सैकड़ों बार सोचा कि इस रास्ते की मंजिल का मुंह मै नहीं देख सकूँगा l शुभेक्षाएं एवं दुआओं ने ही मुझे उबार लिया l और सच में रास्ते के इस किनारे आकर मै वही नहीं रह गया हूँ, जो रास्ते के उस छोर पर था l
सीखा तो बहुत कुछ l पर शायद सबसे बड़ी सीख जो सीखी वो है-धैर्य l स्वयं पे विश्वास रखते हुए धैर्य का दामन पकडे हुए चलते जाना ...बस चलते जाना.......,....! और जब भी जितना भी मौक़ा मिल जाये ..खिलखिलाते रहना-हँसते और हंसाते रहना....
smile emoticon
शुक्रिया ‪#‎JNU‬ l डेमोक्रेटिक स्पेस की रट लगाना और डेमोक्रेटिक स्पेस उपलब्ध करवाने में बहुत अंतर है l 
यहाँ हर तरह के लोगों का स्वागत है l हर तरह के विचारों का स्वागत है l

मीडिया विरोधाभासी चीजें पिक कर लेती है टी. आर. पी. के लिए, बिना इस बात का जिक्र किये कि किसी मुद्दे के उलट पहलू को मानने वाले भी वहीँ बगल में उन्हें मिलते हैं l
सबकुछ कहीं भी ठीक नहीं होता l फिर भी JNU ने एक विशिष्टता को बनाये तो रखा है l
विश्वविद्यालय में लोग पैदा नहीं होते l लोग उसी समाज से आते हैं, जिनमे कई विसंगतियां आदि काल से हैं l बावजूद इसके भी विसंगतियों के अनुपात के हिसाब से JNU Campus का खुला और शांत माहौल हैरत कर देने वाला है l कोई औपचारिकता नहीं l चुनाव के दिन भी कक्षाएं चलती हुई l घुले-मिले विद्यार्थी-अध्यापक l
JNU का माहौल आपको वही नहीं रहने देता जैसे आप आये थे l ये माहौल कक्षा से इतर भी उतना ही प्रभावी है जितना की कक्षा के भीतर l मै तार्किक हूँ, फिर भी पक्षपाती हो सकता हूँ, ये JNU के माहौल ने कब सीखा दिया, पता ही नहीं चला l अपने विषय के अलावे अन्य विषय भी महत्वपूर्ण हैं और उन्हें जानना जरुरी है, ये इस डेमोक्रेटिक माहौल ने सीखाया l
गोरखपुर में रहकर जो JNU को जाना था और JNU में रहकर जो इसे जाना है, उस प्रतीति में बहुत कुछ विशिष्ट है l
ईश्वर ...! शुक्रिया इस अनुभव के लिए....!!!

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